कैबिनेट ने सहकारी बैंकों को आरबीआई के नियामक नियंत्रण के तहत लाने हेतु संशोधन को मंजूरी दी

केंद्रीय मंत्रिमंडल ने सहकारी बैंकों को भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के नियामक नियंत्रण के तहत लाने का फैसला किया है। केंद्र सरकार ने 05 फरवरी 2020 को बैंकिंग रेगुलेशन एक्ट में संशोधनों को अपनी मंजूरी दे दी है। केंद्रीय मंत्री Read More …

सरकार ने गंवाया सुधार का अवसर

सन्दर्भ यदि यह कोई सामान्य वर्ष होता तो वित्त मंत्री द्वारा प्रस्तुत बजट को बाजार बिना किसी खास हलचल के स्वीकार कर लेते। थोड़ी खुशी, थोड़ी नाखुशी के साथ कुल मिलाकर व्यापक तौर पर इसे स्वीकार कर लिया जाता। बहरहाल Read More …

पस्ती के आलम में एक ट्रिगर का इंतज़ार

रिजर्व बैंक के गवर्नर इस साल ब्याज दरों में 0.75 प्रतिशत की कटौती कर चुके हैं और अब उनसे आधा से एक प्रतिशत कटौती की मांग की जा रही है। सत्तर के दशक में हिंदी फिल्मों ने अमिताभ बच्चन के Read More …

बजट का ‘स्वदेशी’ राग वैश्विक आकांक्षा में दाग

पृष्ठभूमि : भारत की मजबूत स्तिथि ऊंची महत्त्वाकांक्षा रखना अच्छी बात है और भारतीय अर्थव्यवस्था को वर्ष 2024 तक पांच लाख करोड़ डॉलर तक पहुंचाने का लक्ष्य स्वागतयोग्य है। यह लक्ष्य हासिल भी किया जा सकता है। इसके लिए जरूरी Read More …

आम बजट और वृहद आर्थिक चुनौतियां

सन्दर्भ गत माह मैंने अपने स्तंभ में इस बात को रेखांकित किया था कि देश के वृहद आर्थिक प्रदर्शन के लगभग सभी प्रमुख संकेतकों (वृद्धि, निवेश, रोजगार, मुद्रास्फीति, बाह्य संतुलन और राजकोषीय स्थिति) पर रुझान नकारात्मक ही हैं। मैंने सुझाव Read More …

बजट के लक्ष्य को पाने की चुनौती

सन्दर्भ  प्रचंड बहुमत के साथ सत्ता में आई मोदी सरकार के आम बजट में बड़े सुधारों की उम्मीद की जा रही थी। इस उम्मीद की एक अन्य वजह यह थी कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी बीते कुछ समय से देश को Read More …